Saturday, June 20, 2015

Tuesday, June 2, 2015

कितनी ही खूबसूरत क्यों न हो तुम,,

कितनी ही खूबसूरत क्यों न हो तुम,,
पर मैं जानता हूँ..
असली निखार मेरी तारीफ से ही आता है.....



Mila hai sab kuch toooo






WO log








"समय" दिखाई नहीं देता...... पर बहुत कुछ दिखा जाता है...!

"वेद पढ़ना आसान हो सकता है...
लेकिन...
किसी की वेदना पढ़ना बहुत कठिन है...
जयश्रीकृष्ण!

अब तो आँखों से भी जलन होती हैं मुझे..........
खुली हो तो तलाश तेरी, बंद हो तो ख्वाब तेरे.........

पा ना सके तो भी हम तुझे प्यार करतेरहेंगे!
ये जरूरी तो नही जो मिल ना सके उसे भुला
दिया जाए !

बचपन से ही शौक था ,
अच्छा इन्सान बनने का.....।।
बचपन खतम ,
शौक खतम......।।

"समय" दिखाई नहीं देता......
पर बहुत कुछ दिखा जाता है...!

मेरे शब्दो को इतनी

समय नहीं लगता है दिल को दिल तक आने में..
लेकिन सदियाँ लग जाती है रिश्ता एक भुलाने में..

*¨ खोए हुए
हम खुद रहते हैं, .,,..., ~◐
और
ढूंढते आप को हैं ,,..., ~◐

!
क्या अजीब सी ज़िद है हम दोनों की
तेरी मर्ज़ी हमसे जुदा होने की, और मेरी तेरे पीछे तबाह होने की...!!!
!

वो रूठ्कर बोली तुम्हे सारी शिकायते हमसे
ही क्यू हैं..., हमने भी सर झुकाकर बोल दिया की हमे
सारी उम्मीदे भी तो तुमसे ही हैं !!

ये कौन शरमा रहा है...यूँ फ़ुर्सत में याद कर के .....
के हिचकियाँ आना तो चाहती है,
पर हिच-किचा रही हैं...!!

दिल के टूटने पर भी हँसना,
शायद "जिन्दादिली" इसी को कहते हैं।
ठोकर लगने पर भी मंजिल के लिए भटकना,
शायद "तलाश" इसी को कहते हैं।
सूने खंडहर में भी बिना तेल के दिये जलाना,
शायद "उम्मीद" इसी को कहते हैं।
टूट कर चाहने पर भी उसे न पा सकना,
शायद "चाहत" इसी को कहते हैं।
गिरकर भी फिर से खड़े हो जाना,
शायद "हिम्मत" इसी को कहते हैं।
उम्मीद, तलाश, चाहत, हिम्मत,
शायद "जिन्दगी" इसी को कहते हैं


कमाल का ताना दिया
आज किसी ने मुझे..
के लिखते तो खुब हो..
कभी उसे भी समझा दिया करो.!!


जरुरी तो नहीं था ..हर चाहत का मतलब इश्क हो..!!
कभी कभी कुछ अनजान रिश्तो के लिए भी दिल बेचेंन हो जाता हे..!!


हर शख्स मुझे एक अख़बार समझकर....!!
अपने मतलब की ख़बर काट लेता है....!!!

तलाश में बीत गई सारी
जिंदगानी...अब समझे कीखुद से बड़ा कोई
हमसफ़र नहीं होता !!

मेरे शब्दो को इतनी
शिद्दत से ना पढा करो...
कुछ याद रह गया तो
हमे भूल नही पाओगे !!!

जिन्दगी मे आने के समाचार तो
नौ महीने पहले मालूम हो जाते हे ,
लेकिन जाने के समाचार नौ सैकन्ड़
पहले भी पता नही पड़ते ।।
इसलिए......
मस्त रहो व्यस्त रहो ,आनंदित रहो 
 

Bachpan


Door rehne wale tujhse ek bat kehna chahta

Door rehne wale tujhse ek bat kehna chahta
hu...!! agar  mera khyal aaye to apna khyal rakhna....

आखिर थक हार के लौट आया मैँ बाजार से
यादो को बंद करने के ताले कही नही मिले...!!

हासिल करके तो हर कोई मोहब्बत कर सकता है,
बिना हासिल किए किसीको चाहना कोई हमसे पूछे !

jo dil ke aaine me ho,,,, wo hai pyar k kabil..... warna deewar k kabil to har tasvir hoti hai

सोचते है, अब हम भी सीख
ले ...यारों बेरुखी करना ......!
सबको मोहब्बत देते-देते, हमने अपनी कदर
खो दी है......!!🌕✨🌹🚶

 

Sad

क्या अजीब दस्तुर बना है यारो
खुद को जीने के लिये कीसी पे मरना पडता है..

मेरी मोहब्बत की ना सही, मेरे सलीके की तो दाद दे,
तेरा जिक्र रोज करते हैं तेरा नाम लिए बगैर..
❤❤❤❤

तेरी यादें भी न मेरे बचपन के खिलौने जैसी हैं
तन्हा होता हूँ तो इन्हें लेकर बैठ जाता हूँ !


वो खुश है मुझसे ज़ुदा हो कर
मैं खुश हूँ उसे आज़ाद देख कर...
बंदिशों में कभी मुहब्बत नहीं होती….

 

Meri Choti

“यूँ तो हम अपने आप में गुम थे,
पर सच तो ये है कि वहाँ भी तुम थे...।

बचपन में भरी दुपहरी नाप आते थे पूरा महोल्ला,
जब से डिग्रियाँ समझ में आई, पाँव जलने लगे ....

अजब रिश्ते का अनुभव जिन्दगी में अपनों से मिला ,
ना नफरत की वजह मिली ना मोहब्बत का सिला मिला ....

मुस्कुराने की आदत भी कितनी महंगीपडी हमको , उनहोंने छोड दिया ये कहकर कि तुम तो अकेले ही खुश रह लेते हो.

तेरे जाने के बाद कोई सहारा भी तो नहीं .
तुजे कभी तन्हाई में पुकारा भी तो नहीं ..
तुजे हम आज भी चाहते है बहुत ...
मगर फिर भी तू हमारा तो नहीं ….!!

"हाथ की लकीरें भी कितनी अजीब हैं,
हाथ के अन्दर हैं पर काबू से बाहर!"

जिस घाव से खून नहीं निकलता..!!
. . .
समझ लेना वो ज़ख्म किसी अपने ने ही
दिया है.!!

 

Maine Har

I like you I love you..

I like you
I love you..
दोनों में क्या अंतर है?
इसका सबसे सुन्दर जवाब गौतम बुद्ध ने दिया है:
अगर तुम 1 फूल को like करते हो तो तुम उसे तोड़कर रखना चाहोगे।
लेकिन अगर उस फूल से love करते हो तो तोड़ने के बजाय तुम रोज उसमे पानी डालोगे ताकि फूल मुरझाने न पाए।
जिसने भी इस रहस्य को समझ लिया समझो उसने पूरी जिंदगी को ही समझ लिया।

किस हक से मांगू अपने हिस्से का वक़्त आपसे..?

किस हक से मांगू अपने हिस्से का वक़्त आपसे..?
क्योंकी ना आप मेरे..और..ना ही वक़्त मेरा..!!

कभी जिंदगी एक पल में गुजर जाती है ज़िन्दगी

कभी जिंदगी एक पल में गुजर जाती है ज़िन्दगी
कभी जिंदगी का एक पल नहीं गुजरता ।।

आसान नही है हमसे यूँ शायरियों में जीत पाना,

आसान नही है हमसे यूँ शायरियों में जीत पाना,
हम हर एक शब्द मोहब्बत में हार कर लिखते हैं..!!

लाखों की है कोशिशें हमने तुमको भुलाने की,

लाखों की है कोशिशें हमने तुमको भुलाने की,
छोड़ी नहीं कमी कोई तुमने भी याद आने की !!

छोड़ दिया सबको बिना वजह तंग करना...;

छोड़ दिया सबको बिना वजह तंग करना...;
जब कोई अपना समझता ही नही..,
तो उसको अपनी याद दिला कर क्या करना...

ज़िन्दगी में दो चीजें हमेशा टूटने के लिए ही होती है!

ज़िन्दगी में दो चीजें हमेशा टूटने के लिए ही होती है!
"साँस" और "साथ"....
साँस टूटने से तो ईन्सान एक ही बार में मर जाता है!
पर किसीका साथ टूटने से ईन्सान पल-पल मरता है!

Tuesday, March 3, 2015

Bichad Kar Raah-e-Ishq MeN Iss Kadar Hue Tanha

Bichad Kar Raah-e-Ishq MeN Iss Kadar Hue Tanha
Thakke Tanha, Girre Tanha,Utthe Tanha, Chale Tanha...........


Mere Dard Ka Tujhe Kuch Gumaan Tha Ki Nahi
Jashn Ki Teh Mein Soz-e-Nihaan Tha Ki Nahi

Tera Naam Likh-Likh Kar Guzara Har Ek Pal Ko
Kisi Kitaab MeN Mera Bhi Naam-0-Nishaan Tha Ki Nahi

Iss Dil Se Ho Kar Jaise Guzar Gaya Ek Karvaan..!!
Main Dekhta Raha,Jalte Chirag MeN Dhuaan Tha Ki Nahi

Woh Ek Lamha Tere Deed ka Jo Umar Bhar Rukha Raha..!!
Sochta Hoon,Waqt Hum Par Kabhi Meharbaan Tha Ki Nahi

Main Na Mil SakuN Bhi To Kya Ke Main Ek Fasana Hoon
Kabhi Teri YadoN MeN Mera Koi Nishaan Tha Ki Nahi

Kabhi Akeli Shaam MeN Mere Likhe LafzoN Ko Padh kar Dekhna
JahaaN "Khwahish" Ka Zikr Ho, Tu Wahaan  Tha Ki Nahi